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दशहरा पर्व की रही धूम, ढोल-नगाड़ों के साथ निकला रावण परिवार का जुलूस

AltnewsUttarakhand 20/10/2026 1 minute read
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अल्मोड़ा(आरएनएस)। सांस्कृतिक नगरी अल्मोड़ा में दशहरा महोत्सव पारंपरिक उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। ढोल-नगाड़ों की गूंज के बीच नगर के विभिन्न मोहल्लों से तैयार किए गए रावण परिवार के पुतलों का जुलूस निकाला गया। इस बार रावण परिवार में पिछले वर्ष के 18 पुतलों के मुकाबले 23 पुतले शामिल किए गए। चार साल के अंतराल के बाद अहिरावण को भी रावण के कुनबे में जगह मिली। पुतलों को नगर निगम पार्किंग में एकत्र करने के बाद बाजार में घुमाया गया और एसएसजे परिसर के जूलॉजी मैदान में आतिशबाजी के बीच उनका दहन किया गया। अल्मोड़ा का दशहरा अपनी अनूठी परंपरा और भव्य पुतलों के लिए देश-विदेश में पहचान रखता है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, यहां दशहरा मनाने की परंपरा वर्ष 1860 से चली आ रही है। शुरुआती दौर में केवल रावण के पुतले का दहन किया जाता था। वर्ष 1976 में मेघनाद के पुतले को भी इसमें शामिल किया गया। समय के साथ यह परंपरा आगे बढ़ी और आज नगर के विभिन्न मोहल्लों में रावण परिवार के पुतले तैयार किए जाते हैं। इस वर्ष रावण, कुंभकर्ण, मेघनाद, अतिकाय, अक्षय कुमार, अहिरावण, खर, दूषण, मारीच, ताड़का, नरांतक, मकरासुर, कालकेतु, कालकासुर, विक्रासुर, कराल, धूमकेतु और नरकासुर समेत कुल 23 पुतले शामिल हैं। कार्यक्रम के अनुसार, सबसे पहले ताड़का और अंत में रावण के पुतले का दहन किया गया। अल्मोड़ा के दशहरे की खास पहचान पुतलों के निर्माण में सामुदायिक सहभागिता भी है। यहां करीब एक महीने पहले से हिंदू और मुस्लिम युवा मिलकर पुतले तैयार करते हैं। स्थानीय परंपरा के अनुसार, पुराने समय में बिजली की व्यवस्था नहीं होने पर बद्रेश्वर में मशालों की रोशनी में रामलीला की शुरुआत हुई थी। धीरे-धीरे रावण के पुतले से शुरू हुई परंपरा का विस्तार हुआ और आज यह महोत्सव पहाड़ की सांस्कृतिक पहचान बन चुका है। इस बार स्थान की कमी के चलते दशहरा महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित नहीं हो सके। हालांकि, पुतलों के निर्माण और दहन को लेकर लोगों में खासा उत्साह रहा। दशहरा समिति की ओर से पुतलों का प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार के लिए चयन भी किया गया। महोत्सव में केंद्रीय मंत्री व सांसद अजय टम्टा, मुख्य अतिथि रंगकर्मी किरन दफौटी, समिति अध्यक्ष अजीत कार्की, सचिव वैभव पांडे, संयोजक धर्मेंद्र बिष्ट, विधायक मनोज तिवारी, दर्जामंत्री गंगा बिष्ट, गोविंद सिंह पिलखवाल, कुन्दन लटवाल, मेयर अजय वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष महेश नयाल, पूर्व विधायक रघुनाथ सिंह चौहान, कैलाश शर्मा, पूर्व पालिकाध्यक्ष प्रकाश चंद्र जोशी, शोभा जोशी, एसडीएम संजय कुमार, ललित लटवाल सहित अन्य जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में दर्शक मौजूद रहे।

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